Pagalnala



मौसम भले ही साफ हो लेकिन मुसीबतों का दौर जारी है। चमोली में बदरीनाथ धाम के पास गोविंदघाट में मलबा आने से बंद हाईवे तीसरे दिन भी नहीं खोला जा सका। इसके अलावा गौरीकुंड के पास केदारनाथ हाईवे भी बाधित है। शनिवार को प्रशासन में सोनप्रयाग में रोके गए 104 यात्रियों को केदारनाथ जाने की अनुमति दे दी। सोनप्रयाग से गौरीकुंड के बीच मुनकटिया नामक स्थान पर मलबा आने से मार्ग बंद है। मुनकटिया से गौरीकुंड तक तीन किलोमीटर का रास्ता यात्रियों को पैदल ही तय करना पड़ा। इसके अलावा गंगोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग पर आठ घंटे बंद रहा। 

मार्गों से मलबा हटाने में लोक निर्माण विभाग और सीमा सड़क संगठन की टीम को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। पहाड़ों से गिर रहे पत्थर मलबा हटाने के काम में रोड़ा बन रहे हैं। शनिवार को चमोली जिले में कर्णप्रयाग के पास सीमा सड़क संगठन की जेसीबी नदी में समा गई। हालांकि जेसीबी आपरेटर सुरक्षित है। गढ़वाल मंडल में 86 मार्ग अब भी अवरुद्ध हैं। वहीं कुमाऊं मंडल में यह संख्या 23 है। मौसम विभाग के अनुसार प्राप्त रिपोर्ट के अनुसार सोमवार से फिर तेजी आने के आसार हैं। मौसम विभाग के अनुसार इस दौरान पर्वतीय क्षेत्रों में कुछ स्थानों पर तेज बारिश के साथ ही बिजली गिरने की भी आशंका है। इस बीच गढ़वाल मंडल में सड़कों से मलबा हटाने के काम में तेजी आई। चालीस सड़कों पर यातायात सुचारु कर दिया गया है। इसके अलावा तीन दिन बाद यात्रियों को केदारनाथ के लिए रवाना कर दिया गया। वहीं, बदरीनाथ हाईवे पीपलकोटी के पास पागलनाले में भारी मलबा आने से बंद हैं।