यौन उत्पीड़न के आरोपों में फंसे भाजपा विधायक महेश नेगी ने सोमवार को प्रदेश पार्टी अध्यक्ष बंशीधर भगत के सामने अपना पक्ष रखते हुए इसे अपने खिलाफ कांग्रेसी नेताओं की मदद से महिला द्वारा रचा गया षड्यंत्र बताया तथा कहा कि वह किसी भी जाँच के लिए तैयार हैं। 

भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष डॉ देवेंद्र भसीन ने बताया कि प्रदेश अध्यक्ष भगत द्वारा तलब किए जाने के बाद उनके सामने पेश हुए द्वाराहाट के विधायक नेगी ने कहा कि उन्हें महिला द्वारा एक षड्यंत्र के तहत फँसाने की कोशिश की जा रही है और इसमें कुछ कांग्रेस नेता भी शामिल हैं। नेगी ने यह भी आरोप लगाया कि यह महिला पहले भी अन्य लोगों को ग़लत ढंग से फँसा चुकी है और इस संबंध में वह साक्ष्य एकत्रित कर रहे हैं जिन्हें वह पुलिस को सौपेंगे। विधायक ने अध्यक्ष भगत से कहा कि वह जांच में पुलिस के साथ पूरा सहयोग कर रहे हैं और आगे भी करते रहेंगे।

महेश नेगी के महिला पर आरोप:- महेश नेगी ने कहना है कि पहले इस महिला ने ब्लैकमेल का प्रयास किया और जब उनकी पत्नी ने इस मामले में प्राथमिकी दर्ज कराई तो महिला ने अपने को बचाने के लिए उन पर आरोप लगा दिए। विधायक ने भगत से कहा कि वह हर प्रकार की जाँच के लिए तैयार हैं। इस संबंध में प्रदेश अध्यक्ष भगत ने कहा कि नेगी ने उन्हें कुछ दस्तावेज भी दिखाए हैं। उन्होंने कहा कि मामले की जाँच हो रही है और हम परिणाम की प्रतीक्षा कर रहे हैं। गौरतलब है कि एक महिला ने विधायक नेगी पर कथित दुष्कर्म का आरोप लगाते हुए उन्हें अपनी पुत्री का पिता बताया है और इस संबंध में डीएनए जांच कराने की मांग की है। 

महिला के इस संबंध में पुलिस को दी तहरीर से पहले विधायक की पत्नी रीता महिला के खिलाफ ब्लैकमेल करने का मामला दर्ज करा चुकी हैं। रीता का आरोप है कि महिला उनके पति से पांच करोड़ रुपये मांग रही थी और नहीं देने पर उन्हें बदनाम कर रही है। हालांकि अभी महिला की मांग पर विधायक का डीएनए नही हुआ है। डीएनए रिपोर्ट के सामने आने पर ही सारी तस्वीर सामने आएगी। क्योंकि कोई भी अपराधी अपराध स्वीकार नही करता और यथासम्भव उससे बचने का प्रयास करता है। स्वर्गीय नारायण दत्त तिवारी भी डीएनए से बचते रहे लेकिन जब सच्चाई समाने आई तो बहुत से लोग स्तब्ध रह गए थे।