गंगोत्री और यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग पर मलबा आने से आवाजाही बाधित होती रही। प्रदेश में अब भी 77 मार्गों पर आवाजाही नहीं हो पा रही है। इनमें सर्वाधिक 54 मार्ग गढ़वाल मंडल में बंद हैं। टिहरी में ऋषिकेश-गंगोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग भारी मलबा आने से नरेंद्रनगर में अवरुद्ध है। बीती रात कुमारखेड़ा के समीप रोड कटिंग का कार्य किया जा रहा था। इस दौरान पहाड़ खिसकने के कारण चट्टान रोड में गिर जाने के कारण सड़क बन्द हो गई। अभी रोड खुलने के कोई आसार नहीं है।

 
अन्य पहाड़ी सड़को की स्थिति:- गौरीकुंड के पास केदारनाथ हाईवे आठ दिन से बंद है। यहां लगातार पहाड़ी दरकने के कारण मार्ग को दुरुस्त करने में बाधा आ रही है। सोनप्रयाग से केदारनाथ धाम भेजे जा रहे यात्री मुनकटिया से गौरीकुंड तक तीन किलोमीटर की यात्रा पैदल कर रहे हैं। इससे यात्रियों को केदारनाथ तक 19 किलोमीटर पैदल ही जाना पड़ रहा है। इससे यात्रियों को केदारनाथ तक 19 किलोमीटर पैदल ही जाना पड़ रहा है। गौरीकुंड से केदारनाथ तक पैदल मार्ग की दूरी 16 किलोमीटर है। हालांकि चार दिन बाद बदरीनाथ धाम के पास गोविंदघाट में बंद हाईवे पर यातायात बहाल हो गया, लेकिन ऋषिकेश के पास कौडिय़ाला में पहाड़ी दरकने से बदरीनाथ हाईवे बंद हो गया है।

 
राज्य में सोमवार को है बारिश के आसार:- उत्तराखंड में दो दिन राहत के बाद मौसम ने फिर करवट बदली है। दोपहर बाद पहाड़ से मैदान तक रुक-रुक कर बारिश हो रही है। मौसम विभाग के अनुसार सोमवार से बारिश का यह सिलसिला तेजी पकड़ेगा। इस दौरान पर्वतीय क्षेत्रों में भारी बारिश के साथ ही कहीं-कहीं आकाशीय बिजली गिरने की आशंका है।