घटना गुरुवार  शाम की है। तीन दिन पहले विक्षिप्त युवक को अपना शिकार बनाने के बाद अब तेंदुए ने छाना पांडेय गांव में तेरह साल की किशोरी को अपना निवाला बनाया है । किशाेरी अपने मां के साथ खेत से घास लेकर आ रही थी कि इसी दौरान घात लगाए बैठे तेंदुए हमला कर उसे मार डाला । 



उत्तराखंड में मानव-वन्यजीव संघर्ष की घटनाएं बढ़ती जा रही हैं। जिला मुख्यालय पिथौरागढ़ से लगभग दस किमी दूर छाना पांडेय गांव निवासी करिश्मा 13 वर्ष पुत्री धर्मेद्र राम उर्फ पप्पू अपनी मां के साथ खेत पर गई थी। गांव से लगभग पांच सौ मीटर दूर खेत से जब वह अपनी मां सहित दो अन्य महिलाओं और एक लड़के के साथ घास लेकर आ रही थी तो गांव के निकट घात लगाए तेंदुए ने उस पर झपट्टा मारा और उसे ले गया। मृतका की मां सहित अन्य महिलाओं द्वारा हल्ला मचाए जाने पर तेंदुए उसे मार कर जंगल की तरफ भाग गया। ग्रामीण तेंदुए के पीछे भागे तो कुछ दूर जाने पर किशोरी का शव मिला। जिसकी सूचना थाना पुलिस और वन विभाग को दी गई। सूचना मिलते ही पुलिस और वन कर्मी गांव पहुंचे और मृतका के शव को कब्जे में लिया। मालूम हो कि चार दिन पूर्व नगर के सुकौली में गुलदार ने एक विक्षिप्त को मारा डाला था। मंगलवार की रात्रि को तेंदुआ नगर के रई क्षेत्र में घूमता हुआ सीसीटीवी कैमरे में कैद हुआ।



वन रेंजर पिथौरागढ़ दिनेश जोशी ने बताया कि तेंदुए के हमले से किशोरी की मौत हुई है। चार दिन पूर्व नगर के निकट विक्षिप्त को मारने वाला तेंदुए और छाना पांडेय में किशोरी को मारने वाला तेंदुआ एक ही है इसकी पुष्टि नहीं हो सकी है। अलग -अलग गुलदार भी हो सकते हैं। विभाग इस संबंध में शुक्रवार को वाइल्ड लाइफ को पत्र भेज कर तेंदुआ को नरभक्षी घोषित करने का अनुरोध करेगा। गुलदार को पकडऩे के लिए पिंजरा लगाया जाएगा।