मंगेश घिल्डियाल करीब चार म‍हीने पहले तक रुद्रप्रयाग जिले में जिलाधिकारी पद पर तैनात थे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ड्रीम प्रोजेक्‍ट केदारनाथ धाम पुननिर्माण कार्य में बतौर जिलाधिकारी उनकी कार्यशैली और क्षमता की काफी सराहना भी हुई थी। समझा जा रहा है कि इसी दौरान मंगेश घिल्डियाल प्रधानमंत्री कार्यालय की नजर में आ गए। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी स्‍वयं केदारनाथ पुनर्निर्माण कार्यों का वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए लगातार जायजा लेते रहे हैं। केदारनाथ धाम जाकर भी प्रधानमंत्री मोदी ने निर्माण कार्यों का निरीक्षण किया है। मंगेश घिल्डियाल जिलाधिकारी के रूप में रुद्रप्रयाग जिले में काफी लोकप्रिय रहे हैं। उनकी छवि आम जनता से जुडे अधिकारी के रूप में रही है।

पीएमओ में अलग-अलग राज्‍यों के तीन आइएएस अधिकारियों की तैनाती की गई है। वर्ष 2004 बैच के रघुराज राजेंद्र को डायरेक्‍टर और 2010 बैच की आइएएस आम्रपाली काता को उप सचिव के पद पर तैनात किया गया है। टिहरी के जिलाधिकारी और 2012 बैच के तेजतर्रार आइएएस अधिकारी मंगेश घिल्डियाल को प्रधानमंत्री कार्यालय में तैनाती को हरी झंडी मिल गई है। केंद्र सरकार ने उन्‍हें पीएमओ में अनुसचिव पद पर नियुक्ति दी है। उनका कार्यकाल चार साल का होगा। उन्‍हें तीन सप्‍ताह के भीतर पीएमओ में तैनाती देने को कहा गया है।

टिहरी जिलाधिकारी मंगेश घिल्डियाल का कहना है कि मैं टिहरी में कई योजनाओं को लेकर काम कर रहा था, लेकिन अब मुझे पीएमओ कार्यालय से नई जिम्मेदारी मिली है। फिलहाल, मैं घनसाली दौरे पर आया था। आज गंगी जाने का कार्यक्रम था। अब कुछ दिन बाद ही पीएमओ में ज्वाइन करना होगा। वहां पर क्या जिम्मेदारी मिलती है ये वहीं पर पता चलेगा।