गौरतलब है कि मामलों की संख्या को देखते हुए राज्य में इस प्रकार की अदालतों की सख्त आवश्यक है। भारत के विभिन्न राज्य में जजों के अभवा में लाखों मामले अदालतों में लटके हुए है। कई मामले तो ऐसे है जिनमें याचिकाकर्ताओं को अब न्याय मिलने की उम्मीद भी बाकी नही रह गई है। ऐसे में ई लोक अदालत लगने से 5%-10% ही सही, लेकिन कुछ निलंबित मामलों में फैसले आने से याचिकाकर्ताओं को राहत जरूर मिलेगी ।


राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण नैनीताल के निर्देश पर देहरादून जिले के सभी न्यायालयों में सात नवंबर को स्पेशल ई-लोक अदालत लगेगी। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव नेहा कुशवाहा ने बताया कि अदालत में लंबित मुकदमों का सुलह समझौते के आधार पर निपटारा किया जाएगा। इसमें 138 एनआई एक्ट के वादों का सुलह समझौते के आधार पर निपटारा किया जाएगा। जो भी पक्षकार अपने वादों का निपटारा करवाना चाहते हैं, उन्हें संबंधित न्यायालय को ईमेल, अपने अधिवक्ता या न्यायालय के ड्रॉप बॉक्स में प्रार्थनापत्र डालकर जानकारी देनी होगी।