उत्तराखंड समाचार: राज्य में तेजी से बढ़ रहे नशे को लेकर पहाड़ समीक्षा लगातार लेख प्रकाशित करता रहता है। पाठकों के सहयोग से हमारी खबरों को प्राथमिकता दी गई, नीतिजा यह हुआ कि लोगों ने नशा मुक्ति के लिए आवाज उठाई और पुलिस का सहयोग किया। इसी कड़ी में आज एक और सकारात्मक खबर आई है। हुक्का बार, पब और रेस्टोरेंटों पर अब थाना व चौकी प्रभारी को सख्ती से नजर रखनी होगी। चेकिंग के दौरान यदि किसी प्रतिष्ठान में बिना लाइसेंस हुक्का या शराब का सेवन होता पाया गया तो थाना व चौकी प्रभारी पर कारवाई होगी।

नशे पर लिखे लेख में पहाड़ समीक्षा ने बताया था कि राजधानी में कैसे हुक्का बार छात्रों को नशा परोस रहे हैं। राज्य में बढ़ता चरस गांजा युवाओं को बर्वादी की तरफ धकेल रहा है। ऐसे में शनिवार को एसएसपी डॉ. वाइएस रावत ने जो निर्देश जारी किए उससे बिना प्रमाण पत्र लिए चल रहे हुक्का बारों और नशे के अड्डों पर लगाम अवश्य लगेगी। शुक्रवार की रात विभिन्न थाना क्षेत्रों में पुलिस की ओर से हुक्का बार, पब, रेस्टोरेंट आदि में छापेमारी की गई। जिसके संबंध में एसपी सिटी, एसपी देहात व एसपी क्राइम के साथ समीक्षा की गई। इस दौरान उन्होंने निर्देशित किया कि किसी थाना क्षेत्र में इस तरह की गतिविधि संचालित होने में किसी पुलिसकर्मी की संलिप्तता सामने आती है तो संबंधित के विरुद्ध कारवाई की जाएगी।

इसके अलावा लापरवाही से वाहन चलाने और सड़कों पर स्टंट करने वाले वाहन चालकों पर पुलिस शिकंजा कसने की तैयारी कर रही है। ऐसे वाहन चालकों पर कारवाई के लिए गढ़वाल परिक्षेत्र में एक महीने का अभियान चलाया जाएगा। डीआइजी गढ़वाल रेंज नीरू गर्ग ने शनिवार को इस संबंध में निर्देश जारी किए हैं। नशे पर सख्ती से ध्यान देने पर विशेष ध्यान केंद्रित करने को लेकर सभी सीओ को निर्देशित किया कि वह अपने-अपने सर्किल में स्थित रेस्टोरेंट, हुक्का बार, क्लब में सप्ताह में एक बार आकस्मिक चेकिंग करें।