उत्तराखंड के लिए कोरोना की दूसरी लहर से पार पान मश्किल साबित हो रहा है। राज्य में बुधवार को कोरोना संक्रमण के 7783 मामले आए हैं। यह एक दिन में कोरोना संक्रमित व्यक्तियों की यह अब तक की सर्वाधिक संख्या है। उधर, कोरोना संक्रमित 127 मरीजों की मौत भी हुई है। एक दिन में मौत का यह दूसरा सबसे बड़ा आंकड़ा है।

कोरोना संक्रमण के बढ़ते मामलों ने सरकार की चिंता बढ़ा दी है। इसे देखते हुए कोरोना से सर्वाधिक प्रभावित देहरादून, हरिद्वार व ऊधमसिंहनगर जिलों में अब 10 मई की सुबह छह बजे तक पूर्ण कर्फ्यू रहेगा। पहले वहां के नगर निकायों में छह मई सुबह छह बजे कोरोना कर्फ्यू लगाया गया था। मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत की बुधवार को मंत्रियों के साथ हुई अनौपचारिक बैठक में यह फैसला लिया गया। अन्य जिलों के संबंध में निर्णय के लिए डीएम को अधिकृत किया गया। यह भी तय हुआ कि कर्फ्यू को सख्ती से लागू किया जाएगा। देर शाम को पौड़ी, चमोली, टिहरी, रुद्रप्रयाग, उत्तरकाशी, नैनीताल, चंपावत व बागेश्वर के जिलाधिकारियों ने अपने-अपने जिलों के नगर निकायों, कस्बों व ग्रामीण बाजारों में भी पूर्ण कर्फ्यू के आदेश जारी कर दिए। बताया गया कि अल्मोड़ा व पिथौरागढ़ जिलों में गुरुवार को इस बारे में फैसला लिया जाएगा।

पूर्ण कर्फ्यू के दौरान सब्जी व दूध की दुकानें दोपहर 12 बजे तक खुलेंगी, जबकि परचून की दुकानों को एक दिन छोड़कर खोलने के निर्देश दिए गए हैं। इनकी समय सीमा भी दोपहर 12 बजे तक ही रहेगी। अलबत्ता, मेडिकल स्टोर, पेट्रोल पंप पूरे दिन खुलेंगे। सरकारी दफ्तर 50 फीसद उपस्थिति के साथ खुले रहेंगे।