उत्तराखंड के चंपावत जिले में करीब पांच दिन से एनएच बंद होने के कारण चम्पावत में फल, सब्जी, ईंधन, राशन से लेकर दूध तक का कारोबार प्रभावित होने लगा है। इससे आम जनता ही नहीं व्यापारी भी बेहाल हो चुके हैं। एक-दो दिन के भीतर हाईवे नहीं खुलने पर व्यापारी दुकानों में राशन के दामों में भी बढ़ोतरी की संभावना जता रहे हैं।

चंपावत जिले में करीब पांच दिन से एनएच बंद होने के बाद अभी तक खोला नही जा सका है। रविवार को भारतोली में विधायक और अभियंता के बीच विवाद के बाद ऑलवेदर रोड की कंपनियों और एनएच के अभियंताओं ने हाईवे खोलने का कार्य ठप कर दिया। जिसके बाद फल, सब्जी, ईंधन, राशन से लेकर दूध तक का कारोबार प्रभावित होने लगा है। इससे आम जनता ही नहीं व्यापारी भी बेहाल हो चुके हैं। एक-दो दिन के भीतर हाईवे नहीं खुलने पर व्यापारी दुकानों में राशन के दामों में भी बढ़ोतरी की संभावना जता रहे हैं।

पेट्रोल पंपों में सोमवार शाम ही पेट्रोल-डीजल खत्म हो गया था। चम्पावत के छतार स्थित पंप पर ही पेट्रोल मिल रहा है। वहां पर भी दोपहिया वाहनों में अधिकतम सौ रुपये जबकि चौपहिया वाहनों में पांच सौ रुपये तक का ही पेट्रोल दिया जा रहा है, जोकि नाकाफी साबित हो सकता है। उधर, लोहाघाट के तीन में से एक पंप में ईंधन खत्म हो चुका है। सब्जी हल्द्वानी होते हुए मंगाई जा रही है। उस रूट से एक पिकअप का भाड़ा करीब आठ हजार रुपये पहुंच रहा है। इससे सब्जी व्यवसाय पर काफी पर्क पड़ रहा है। इस दरमियान खासतौर पर टमाटर की कीमत में 20 रुपये की बढ़ोत्तरी हो चुकी है। 

रुक रुक के हो रही बारिश के कारण हाईवे कार्य करने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। ऊपर से विधायक और अभियंता विवाद के बाद कार्य में देरी होने से जनता परेशान है। हालांकि आज उम्मीद जताई जा रही है कि हाईवे पूर्ण रूप में खोल दिया जाएगा लेकिन यह बरसात पर निर्भर करता है कि सुविधाएं सुचारू रूप से कार्य में लौट पाइयेंगी या नहीं।