सन 1892 के भारतीय परिषद अधिनियम में विधानपरिषद के कार्यों में वृद्धि की । इसमें बजट पर बहस करने की शक्ति दी गई किन्तु मतादिकार से वंचित रखा गया । आज विधान परिषद कुछ भारतीय राज्यों में लोकतंत्र की ऊपरी प्रतिनिधि सभा है। इसके सदस्य अप्रत्यक्ष चुनाव के द्वारा चुने जाते हैं। कुछ सदस्य राज्यपाल के द्वारा मनोनित किए जाते हैं। विधान परिषद विधानमंडल का अंग है ।

गठन:-

संविधान के अनुच्छेद 169,171(1) एवं 171(2) में विधान परिषद के गठन का प्रावधान है। इसके सदस्यों का कार्यालय 6 वर्ष होता है लेकिन प्रत्येक 2 वर्ष में एक तिहाई सदस्य हट जाते हैं । विधानपरिषद का आकार राज्य की विधानसभा में स्थायी सदस्यों की कुल संख्या का एक तिहाई से अधिक नही होता और किसी भी कारणों से 40 सदस्यों से कम नही हो सकता है । इसकी प्रक्रिया निम्न प्रकार है:

*विधानसभा में उपस्थित सदस्यों के दो तिहाई बहुमत से पारित प्रस्ताव को संघीय संसद के पास भेजा जाता है।

*तत्पश्चात अनुच्छेद 171(2) के अनुसार लोकसभा एवं राज्यसभा साधारण बहुमत से प्रस्ताव पारित करती है।

*राष्ट्रपति के हस्ताक्षर हेतु इस प्रस्ताव को उनके पास प्रेषित(भेजना) कर दिया जाता है।

*राष्ट्रपति के हस्ताक्षर होते ही विधान परिषद के गठन की मंजूरी मिल जाती है ।


योग्यताएं :-

*एमएलसी बनने हेतु योग्यताएं:

*भारत का नागरिक होना चाहिए।

*कम से कम 30 साल की आयु होनी चाहिए।

*मानसिक रूप से असमर्थ, व दिवालिया नहीं होना चाहिए।

*इसके अतिरिक्त उस क्षेत्र (जहाँ से वह चुनाव लड़ रहा हो) की मतदाता सूची में उसका नाम भी होना आवश्यक है।

*समान समय में वह संसद का सदस्य नहीं होना चाहिए।

★ भारत के संघीय न्यायायलय की स्थापना 1 अक्टूबर 1937 को भारत सरकार अधिनियम 1935 के अंतर्गत की गई थी । इसके प्रथम न्यायाधीश सर मौरिस ग्वेयर थे ।
★ कोलकाता में सर्वोच्च न्यायालय अधिनियम रेगुलेटिंग एक्ट 1773 के अंतर्गत बनाया गया और इसके पहले न्यायाधीश सर एलिजा इस्पे थे ।
★ अखिल भारतीय महासंघ स्थापित करने का प्रावधान भारत सरकार अधिनियम 1935 में शमलित किया गया ।
★ 1935 का government of India act भारतीय संविधान का मुख्य स्रोत है ।
★ राष्ट्रपति की अध्यादेश निर्गत करने की शक्ति " भारत सरकार अधिनियम 1935 " के अंतर्गत ही आती है ।
★ 1937 के चुनावों मे कुल 8 प्रांतों में कांग्रेस का मंत्रिमंडल बना था ।

■ एक नजर संविधान पर :-
★ भारत को एक संविधान देने का प्रस्ताव संविधान सभा ( संविधान सभा के सदस्यों का चयन प्रांतीय सभाओ द्वारा किया गया था ) द्वारा 22 जनवरी 1947 को पारित किया गया तथा यह प्रस्ताव जवाहरलाल नेहरू ने रखा था ।
★ संविधान सभा ( जिसके सदस्य प्रांतों द्वारा चुने गये थे ) की स्थापना 09 दिसम्बर 1946 को हुई थी और इसी तिथी पर संविधान सभा की पहली बैठक भी हुई ।
★ भारत के लिए संविधान की रचना हेतु " संविधान सभा" का विचार " स्वराज पार्टी" ने 1934 में सर्वप्रथम प्रस्तुत किया ।
★ डॉ सर्वपल्ली राधाकृष्णन अगस्त 1946 में गठित प्रथम अंतरिम राष्ट्रीय सरकार के सदस्य नही थे ।
★ संविधान सभा के स्थायी अध्यक्ष डॉ राजेन्द्र प्रसाद चुने गये, संघ संविधान समिति के अध्यक्ष जवाहरलाल नेहरू और प्रांतीय संविधान समिति के अध्यक्ष सरदार पटेल को सर्वसहमति से चुना गया ।
★ भारतीय संविधान को बनाने हेतु भारतीय संविधान सभा में कुल 12 अधिवेशन हुए । संविधान प्रारूप समिति में डॉ अम्बेडकर के साथ कुल 6 सदस्यों को लेकर 29 अगस्त 1947 को गठित कर दिया गया । संविधान का प्रथम प्रारूप बी.एन. राव द्वारा तैयार किया गया और इसमे 243 अनुच्छेद (Article) और 13 अनुसूचियां थी । डॉ भीमराव अम्बेडकर का जन्म 1891 में व मृत्यु 1956 में हुई । वे विधानसभा में पहली बार बम्बई प्रेसिडेंसी से निर्वाचित हुए थे ।
★ विधानसभा द्वारा स्थापित मौलिक अधिकारों और अल्पसंख्यकों हेतु सलाहकार समिति के अध्यक्ष सरदार पटेल नियुक्त किये गये ।
★ भारतीय संविधान सभा ने राष्ट्र ध्वज 22 जुलाई 1947 को स्वीकार किया ।
★ भारतीय संविधान 26 नवम्बर 1949 को अपनाया गया तथा 26 जनवरी 1950 को लागू भी कर दिया गया । जन गण मन को भारतीय राष्ट्रगान 1950 में ही स्वीकारा गया तथा 26 जनवरी 1990 को ही राजकीय चिन्ह को Adopt किया गया था । इस प्रकार स्वतंत्र भारत के पहले राष्ट्रपति बने श्री राजेन्द्र प्रसाद, पहले प्रधनमंत्री बने श्री  जवाहर लाल नेहरू और पहले उपराष्ट्रपति बने डॉ सर्वपल्ली राधाकृष्णन और पहले भारतीय गवर्नर जरनल बने चक्रवर्ती राजगोपालाचारी जी ।

◆ संविधान में वयस्क मताधिकार को 15 साल के लिए स्थगित करने की बात "मौलाना आजाद " ने की थी । तथा राजेन्द्र प्रसाद व जवाहर लाल नेहरू ने पुरजोर समर्थन किया था ।
◆ स्वतंत्रता के बाद महात्मा गांधी ने राष्ट्रीय कांग्रेस को राजनैतिक पार्टी से भांग करने की बात की थी
◆ भारतीय संविधान सभा में कुल 15 महिला सदस्य शामिल थी ।
◆ भरतीय संविधान में उद्देशिका का विचार U.S.A  के संविधान से लिया गया तथा U.S.A में भी सरकार की संघीय प्रणाली है । इसीलिए न्यायिक पुनर्विलोकन की व्यवस्था भारत और U.S.A में है ।
◆ " संविधान सभा कांग्रेस थी और कांग्रेस भारत था" यह वक्तव्य पदम् श्री पुरुस्कार प्राप्त इतिहासकार ग्रैनविल ऑस्टिन का है जो की 'The Constitution of India' नामक पुस्तक में दर्ज है ।
◆ भारत में समवर्ती सूची की संकल्पना ऑस्ट्रेलिया के संविधान से adopt की गयी है ।
◆ भारतीय संविधान के आरम्भ में 395 अनुच्छेद थे जो आज 400 से अधिक हो गए है लेकिन गणना की दृष्टि से 395 अनुच्छेद 22 भाग एवं 12 अनुसूचियां ही है ।
◆ नागरिकता से सम्बन्धित प्रावधान को संविधान के भाग 2 में अनुच्छेद (5 से 11 ) में रखा गया है । तथा मौलिक अधिकारों को भाग 3 में रखा गया है ।
◆  भारतीय संविधान  भाग 11 अध्याय 1 ( अनुच्छेद 245 से 255) संघ और राज्य के बीच विधायी सम्बन्धों जबकि भाग 2 (अनुच्छेद 256 से 263) प्रशासनिक सम्बन्धों के बारे में रखा गया है ।
◆ अगर किसी नए राज्य का सृजन करना हो तो इसके लिए संविधान की अनुसूची एक में संशोधन करना होता है जो राज्य एवं उसके क्षेत्रफल का वर्णन करती है ।
◆ राज्य भूमि सुधार अधिनियम को संवैधानिक सुरक्षा प्रदान करने हेतु 9वीं अनुसूची को संविधान में रखा गया है ।
◆ अंर्तगतआर्थिक योजना, आपराधिक मामले,जनसंख्या नियंत्रण एवं परिवार नियोजन, शिक्षा और वन आदि को समावर्ती सूची के अंतर्गत रखा गया है ।
शिक्षा पहले राज्य सूची के अंर्तगत थी लेकिन 42 वें संशोधन में इसको समावर्ती सूची में रख दिया गया ।
◆ दल बदल विरोधी कानून को 10वीं अनुसूची में रखा गया है ।
◆ डाकघर बचत बैंक , बैंकिंग, बीमा, जनगणना, रक्षा, वैदेशिक मामले, रेलवे आदि को संघीय सूची के अंतर्गत रखा गया है ।
◆ सरकार द्वारा शुल्क एवं कर लगाने के प्रावधन को 7वीं सूची में रखा गया है ।

★ कुछ महत्वपूर्ण अनुच्छेद :-

39A - समान न्याय एवं निःशुल्क विधिक सहायता
40 -   ग्राम पंचायतों का संगठन
44 -   समान नागरिक सँहिता
280-  वित्त योजना
312 -  अखिल भारतीय सेवाएं
315 -   संघ लोकसेवा आयोग
323A - प्रशासनिक अधिकरण
352 -    आपात स्थिति की घोषणा
360 -   वित्तिय आपात
368 -    संविधान संशोधन


◆ संविधान प्रस्तावना के आधार का सही क्रम - सार्वभौमि सत्तासम्पन्न, समाजवादी, धर्मनिरपेक्ष, जनवादी और गणतंत्र ।
◆ संविधान की प्रस्तावना में ही भारत के धर्मनिरपेक्ष होने का वर्णन किया गया है ।
◆ समाजवादी व पंथनिरपेक्ष शब्द संविधान के 42वें संशोधन में जोड़े गए थे ।
◆ 26 नवम्बर 1949 में जब संविधान गठित हुआ तब समाजवादी, पंथनिरपेक्ष व अखण्डता जैसे शब्द इसमे नही थे ।
◆ अखण्डता शब्द 1975 तक भी संविधान में सम्मलित नही था ।

◆ गणतंत्र का सही मतलब होता है कि ऐसे राष्ट्र में वंशानुगत शासन नही है ।
◆ भारतीय संविधान की आत्मा इसकी उद्देशिका कहलाती है जो की U.S.A के संविधान पर आधारित है ।